अव्ययीभाव समास किसे कहते हैं
अव्ययीभाव समास क्या है? | परिभाषा,उदाहरण
इस लेख में हम अव्ययीभाव समास को सरल भाषा में समझेंगे और इसके महत्वपूर्ण उदाहरण भी देखेंगे।
अव्ययीभाव समास किसे कहते हैं
जिस समास में पहला पद अव्यय होता है और पूरा समास भी अव्यय की तरह प्रयोग होता है, उसे अव्ययीभाव समास कहा जाता है।
सरल शब्दों में – जिस समास में पहला शब्द अव्यय होता है और उसका रूप नहीं बदलता, वह अव्ययीभाव समास कहलाता है।
अव्ययीभाव समास में अक्सर यथा, प्रति, उपरि, अधः, बिना, भर, सह आदि शब्द आते हैं।
अव्ययीभाव समास की परिभाषा
जिस समास में पहला पद अव्यय होता है और समस्त पद का प्रयोग अव्यय के रूप में होता है, उसे अव्ययीभाव समास कहते हैं।
अव्ययीभाव समास में पहला शब्द स्थिर रहता है और उसका रूप नहीं बदलता।
उदाहरण :
- यथाशक्ति = शक्ति के अनुसार
- यथासंभव = संभव के अनुसार
- प्रतिदिन = हर दिन
- भरपेट = पेट भरकर
अव्ययीभाव समास की पहचान
- इस समास में पहला पद अव्यय होता है।
- समस्त पद अव्यय के रूप में प्रयोग होता है।
- शब्द का रूप लिंग और वचन के अनुसार नहीं बदलता।
- अक्सर यथा, प्रति, बिना, भर, सह आदि शब्द आते हैं।
अव्ययीभाव समास के उदाहरण
- यथाशक्ति = शक्ति के अनुसार
- यथासंभव = संभव के अनुसार
- प्रतिदिन = हर दिन
- भरपेट = पेट भरकर
- सहर्ष = हर्ष के साथ
अव्ययीभाव समास के 100 उदाहरण
- यथाशक्ति = शक्ति के अनुसार
- यथासंभव = संभव के अनुसार
- यथाक्रम = क्रम के अनुसार
- यथार्थ = अर्थ के अनुसार
- यथाविधि = विधि के अनुसार
- यथासमय = समय के अनुसार
- यथास्थान = स्थान के अनुसार
- यथानुसार = अनुसार
- यथाशास्त्र = शास्त्र के अनुसार
- यथोचित = उचित के अनुसार
- प्रतिदिन = हर दिन
- प्रतिवर्ष = हर वर्ष
- प्रतिमाह = हर माह
- प्रतिघंटा = हर घंटे
- प्रतिक्षण = हर क्षण
- प्रतिव्यक्ति = हर व्यक्ति
- प्रति सप्ताह = हर सप्ताह
- प्रति छात्र = हर छात्र
- प्रति व्यक्ति = हर व्यक्ति
- प्रति किलो = हर किलो
- भरपेट = पेट भरकर
- भरसक = पूरी शक्ति से
- भरपूर = पूरी तरह
- भरदिन = पूरे दिन
- भररात = पूरी रात
- सालभर = पूरे साल
- दिनभर = पूरे दिन
- रातभर = पूरी रात
- जीवनभर = पूरे जीवन
- उम्रभर = पूरी उम्र
- बेखौफ = बिना डर के
- बेशर्म = बिना शर्म के
- बेझिझक = बिना झिझक के
- बेधड़क = बिना डर के
- बेमतलब = बिना मतलब के
- बेवजह = बिना कारण के
- बेकार = बिना काम के
- बेसमय = बिना समय के
- बेमौसम = बिना मौसम के
- बेध्यान = बिना ध्यान के
- सहर्ष = हर्ष के साथ
- ससम्मान = सम्मान के साथ
- सप्रेम = प्रेम के साथ
- सादर = आदर के साथ
- सस्नेह = स्नेह के साथ
- सहयोग = साथ मिलकर
- सहभोज = साथ भोजन
- सहजीवन = साथ जीवन
- सहकार्य = साथ कार्य
- सहगमन = साथ जाना
- अनायास = बिना प्रयास
- अनजाने = बिना जाने
- निःसंकोच = बिना संकोच
- निःस्वार्थ = बिना स्वार्थ
- निःशुल्क = बिना शुल्क
- निःशब्द = बिना शब्द
- निःसंदेह = बिना संदेह
- निःशंक = बिना शंका
- निःसहाय = बिना सहारे
- निःस्वार्थ = बिना स्वार्थ
- धीरे-धीरे = धीरे गति से
- जोर-जोर = जोर से
- बार-बार = बारंबार
- कभी-कभी = कभी समय
- जहाँ-तहाँ = हर जगह
- इधर-उधर = चारों ओर
- जैसे-तैसे = किसी प्रकार
- यत्र-तत्र = इधर-उधर
- सर्वत्र = हर जगह
- कदाचित = कभी
सरकारी परीक्षाओं में पूछे जाने वाले महत्वपूर्ण उदाहरण
सरकारी परीक्षाओं जैसे SSC, Railway, Banking, Police, UPSC आदि में अक्सर निम्न उदाहरण पूछे जाते हैं –
- यथाशक्ति
- यथासंभव
- प्रतिदिन
- भरपेट
- सहर्ष
- निःस्वार्थ
- निःसंकोच
- बार-बार
- इधर-उधर
- जहाँ-तहाँ
यथाशक्ति का अर्थ
यथाशक्ति का अर्थ होता है – अपनी शक्ति के अनुसार या जितनी क्षमता हो उतना।
उदाहरण – हमें यथाशक्ति जरूरतमंद लोगों की सहायता करनी चाहिए।
यथाशक्ति में कौन सा समास है
यथाशक्ति में अव्ययीभाव समास होता है।
इसका विग्रह होता है – शक्ति के अनुसार।
यहाँ “यथा” एक अव्यय है और समस्त पद अव्यय की तरह प्रयोग होता है, इसलिए इसे अव्ययीभाव समास कहा जाता है।
यथाशक्ति अव्ययीभाव समास कैसे है
यथाशक्ति शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है –
यथा + शक्ति
इसका अर्थ है – शक्ति के अनुसार। यहाँ “यथा” एक अव्यय शब्द है और समस्त पद भी अव्यय के रूप में प्रयोग होता है।
इसी कारण यथाशक्ति को अव्ययीभाव समास का उदाहरण माना जाता है।